बांसी। बांसी मुंसिफ कोर्ट के वरिष्ठतम अधिवक्ता स्व.पं.शेषदत्त त्रिपाठी की पुण्यतिथि शुक्रवार की शाम शेषदत्त त्रिपाठी चौक पर स्थापित कर उनकी प्रतिमा पर पुष्प और माला चढाकर बडी ही सादगी के साथ मनाया गया।
इस अवसर पर उन्हे नमन करते हुए सभी ने उन्हे अधिवक्ता समाज के लिए एक प्रेरणा स्रोत बताया गया।
माल्यार्पण करने के उपरान्त में आदर्श नगर पालिका परिषद बांसी के अध्यक्ष प्रतिनिधि मो. इद्रीश पटवारी ने कहा कि स्व. त्रिपाठी न केवल बांसी नगर की शान थे,बल्कि बांसी के प्राचीन मुंसिफ न्यायालय के एक ऐसे वरिष्ठतम अधिवक्ता थे जिनसे समय समय पर विशेष परिस्थितियों में खुद मुंसिफ मजिस्ट्रेट भी जरूरी परामर्श लेते थे। ऐसे विद्धान विदुषी से आज अधिवक्ता समाज को सीख लेनी चाहिए तथा उनके बताये बताए हुए मार्गों पर चलने की प्रतिज्ञा लेनी चाहिए।
उन्होने कहा कि उनके नाम पर स्थापित इस चौक की साफ सफाई सफाई हर वर्ष करायी जाती है,तथा शीतलगंज पोखरे पर इस चौक से लेकर पुरानी कचहरी तक के मार्ग का नामकरण भी पं. शेषदत्त त्रिपाठी मार्ग नगर पालिका परिषद की तरफ से ही किया गया है। अभी हाल में ही इस मार्ग का नवीनीकरण तथा इस मार्ग पर सोलर लाइट की व्यवस्था भी करा दी गयी है। अधिवक्ता रमेश उपाध्याय ने कहा कि बांसी में जब भी विद्धान अधिवक्ताओं का नाम लिया जाता है तो उनमें से पं. त्रिपाठी का नाम पहला होता हैं यह हम सभी के लिए गर्व की बात है।
भाजपा जिला उपाध्यक्ष व अधिवक्ता ईश्वर चन्द्र दूबे ने कहा कि पं. त्रिपाठी के आर्दशों पर चलने का पूरा प्रयास आजीवन करूंगा। डा. रविशंकर त्रिपाठी ने नमन करते हुए कहा कि स्व. त्रिपाठी के कार्यकाल में सिद्धार्थनगर जनपद का सृजन नही हुआ था तथा तब बांसी बस्ती जनपद में था। उस समय पूरे बस्ती जनपद में पं. शेषदत्त त्रिपाठी की अपनी एक अलग ही पहचान थी। इस पुण्य तिथि के अवसर पर पं. त्रिपाठी के पौत्र अतुल चन्द्र त्रिपाठी,विपिन चन्द्र त्रिपाठी आलोक चन्द्र त्रिपाठी,आयुश त्रिपाठी,महताब आलम अधिवक्ता गिरीश चन्द्र राय,श्रीप्रकाश लाल श्रीवास्तव, आदि लोग मौजूद रहे।
