इसरार अहमद/राजा राघवेंद्र प्रताप यादव
सिद्धार्थनगर:चाँद गर्ल्स महाविद्यालय टेउवा में स्वतंत्र भारत के प्रथम शिक्षा मंत्री व भारत रत्न मौलाना अबुल कलाम आजाद के जन्मदिन को राष्ट्रीय शिक्षा दिवस के रूप में मनाया गया।
कार्यक्रम के दौरान प्रोफेसर शिवराम पांडे ने उनके शिक्षा में दिए गए योगदान के बारे में बताया प्रोफेसर असलम अंसारी ने सभी छात्रों को संबोधित करते हुए मौलाना अबुल कलाम के जीवन पर प्रकाश डाला।
महाविद्यालय के संचालक इश्तियाक अहमद ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए बताया कि केवल अबुल कलाम आजाद जी की जीवनी को पढ़ लेना ही पर्याप्त नहीं है बल्कि हम लोगों को उनसे प्रेरणा लेना चाहिए और उनके द्वारा बताए गए बातों को अपने जीवन में उतारना चाहिए जिससे हम शिक्षा में सफलता के ऊंचाइयों पर पहुंच सके ।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि चांद मेमोरियल चैरिटेबल ट्रस्ट के सचिव करम हुसैन खाँ ने छात्रों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए उन्हे राष्ट्रीय शिक्षा दिवस की शुभकामनाएं दी।
बी एड विभाग के राम कुमार, रामशरण यादव, रोहित चौरसिया, सारंग व्यास शुक्ला, श्यामू गुप्ता, शिवराज पाठक, दीपक मिश्रा, अवधेश कुमार विश्वकर्मा, मोहम्मद आरिफ, मुरली मनोहर, एकता सिंह, अंजली पांडे, शिफा खातून, रितु अग्रहरि, सुषमा पांडे, माला जयसवाल आदि लोग कार्यक्रम में मौजूद रहे जहां सभी ने बारी-बारी मौलाना अबुल कलाम आजाद के बारे में बताया।
जिसमे उपस्थित सभी अध्यापक गण जनाब इस्तियाक अहमद ,असलम अंसारी ,शिवराम पांडेय, एवं समस्त विद्यार्थी- श्री श्यामू गुप्ताABVP( मीडिया प्रभारी ) दीपक कुमार, शिवराज, दीपक मिश्रा सायरा खातून अंजलि ,एकता सिंह आदि सभी छात्र छात्रएं उपास्थि रहे ! मौलाना अबुल कलाम आजाद जी का शिक्षा के सबंध मैं बहुत बड़ा योगदान रहा,- जैसे IIT, UGC इत्याद! इनका लक्ष्य ,सब पढ़े सब बढे का था ।



