सिद्धार्थनगर सऊदी अरब कमाने गये जोगिया कोतवाली अंतर्गत ग्राम पंचायत नगरा निवासी रध्येश्याम की लाश ढाई महीने बाद जब गुरुवार को गांव पहुँची तो चारो तरफ मातम पसर गया।
सूचना के मुताबिक नगरा गांव के रहने वाले राधयेश्याम पुत्र 3 वर्ष पूर्व रोज़ी रोटी के लिए सऊदी कमाने गये थे। लेकिन उनका पहला सफर ही अंतिम सफर बन गया। परिजनों के मुताबिक 24 नवम्बर को उनकी तबियत खराब हुई और 25 नवम्बर को मौत हो गयी थी। राधये के दो ओर भाई सऊदी में ही काम करते हैं। भाई के मौत के बाद उन्होंने लाश घर लाने का बहुत प्रयास किया लेकिन उन्हें कोई रास्ता नही दिखाई दे रहा था।
भाइयों के लगातार प्रयास के बाद आखिरकार सफलता मिल गयी और राध्येश्याम का शव ढाई माह बाद गुरुवार को घर पहुँचा। शव घर पहुचते ही कोहराम मच गया व पूरे गांव में मातम पसर गया। पत्नी व बच्चो का रो रो कर बुरा हाल हैं।
सूचना के मुताबिक नगरा गांव के रहने वाले राधयेश्याम पुत्र 3 वर्ष पूर्व रोज़ी रोटी के लिए सऊदी कमाने गये थे। लेकिन उनका पहला सफर ही अंतिम सफर बन गया। परिजनों के मुताबिक 24 नवम्बर को उनकी तबियत खराब हुई और 25 नवम्बर को मौत हो गयी थी। राधये के दो ओर भाई सऊदी में ही काम करते हैं। भाई के मौत के बाद उन्होंने लाश घर लाने का बहुत प्रयास किया लेकिन उन्हें कोई रास्ता नही दिखाई दे रहा था।
भाइयों के लगातार प्रयास के बाद आखिरकार सफलता मिल गयी और राध्येश्याम का शव ढाई माह बाद गुरुवार को घर पहुँचा। शव घर पहुचते ही कोहराम मच गया व पूरे गांव में मातम पसर गया। पत्नी व बच्चो का रो रो कर बुरा हाल हैं।

