सिद्धार्थनगर:डुमरियागंज भीषण ठंड से बचने के लिए बंद कमरे मे अंगीठी जलाकर सो रहे एक ही परिवार के चार लोगों की दम घुटने से मौत हो गई. तीन अन्य लोगों को बेहोशी की हालत मे अस्पताल मे भर्ती कराया गया. जिनकी हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है.
अमर उजाला के रिपोर्ट के मुताबिक अंगीठी जलाकर सो रहे अरमान पुत्र अहमद रजा 28, उनकी सास फातिमा 65, साली रूखसार 20 व नरजिस 45 की मौत हो गई.
अरमान के रहने वाले मो. कैसर के दामाद परिवार समेत मुम्बई मे रहते थे. इन दिनो वह ससुराल आए हुए थे. रात मे खाना खाने के बाद वह परिवार के सात सदस्यों के साथ ब्लोअर व अंगीठी जलाकर सो गए. कमरे मे हवा न आए इसलिए दरवाजा भी बंद कर दिया. शुक्रवार सुबह लगभग 9 बजे जब कमरे का दरवाजा खुला तो नूरी 14 अर्द्धबेहोसी की हालत मे बाहर निकली और गश खाकर गिर गई. कमरे के अंदर धुए का गुबार देख परिवार के लोग सकते मे आ गए. अंदर पहुंचे तो छ: सदस्य बिस्तर पर पड़े थे.
सूचना मिलने पर बेवा सीएचसी के डाक्टर राहुल चौधरी मौके पर पहुंचे. परीछण के बाद अरमान, फातिमा, रूखसार व नरजिस को मृत घोषित कर दिया. अरमान की पत्नी ऊरज फातिमा व उनकी दो दिन पहले जन्मा बेची अचेत थी जिन्हें अस्पताल मे इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है.
घटना की सूचना मिलते ही डुमरियागंज के विधायक राघवेंद्र प्रताप सिंह व एसपी धर्मवीर सिंह गाँव पहुचे और पीडित परिवार से मिलकर मदद का भरोसा दिलाया.
अमर उजाला के रिपोर्ट के मुताबिक अंगीठी जलाकर सो रहे अरमान पुत्र अहमद रजा 28, उनकी सास फातिमा 65, साली रूखसार 20 व नरजिस 45 की मौत हो गई.
सूचना मिलने पर बेवा सीएचसी के डाक्टर राहुल चौधरी मौके पर पहुंचे. परीछण के बाद अरमान, फातिमा, रूखसार व नरजिस को मृत घोषित कर दिया. अरमान की पत्नी ऊरज फातिमा व उनकी दो दिन पहले जन्मा बेची अचेत थी जिन्हें अस्पताल मे इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है.
घटना की सूचना मिलते ही डुमरियागंज के विधायक राघवेंद्र प्रताप सिंह व एसपी धर्मवीर सिंह गाँव पहुचे और पीडित परिवार से मिलकर मदद का भरोसा दिलाया.

