इटवा: एक अकेला थक जाएगा मिलकर बोझ उठाना साथी हाथ बढ़ाना इस गाने को चरित्रार्थ करते हुए ढेबरुआ थाना क्षेत्र अंतर्गत कठेला बाजार में एक पहल देखने को मिली।
बीते मंगलवार को कठेला गांव में एक गरीब परिवार की बेटी का विवाह था यह परिवार विवाह की पूरी व्यवस्था कर पाने में सक्षम नहीं था जानकारी मिलने पर क्षेत्र के विकास के लिए कार्य कर रहा युवाओं का समूह समर्पण सेना इस परिवार की मदद को आगे आया। सोशल मीडिया का सही इस्तेमाल करते हुए समर्पण सेना प्रमुख राजकमल त्रिपाठी ने ग्रामीणों से इस विवाह में मदद करने की अपील की। देखते ही देखते लोगों ने गेहूं चावल तेल नकद यथाशक्ति अपना योगदान दिया।
समर्पण राहत कोष से 11111 रुपये का सहयोग:
विवाह में पहुंचकर समर्पण सेना के युवा प्रहरी सुनील कुमार गुप्ता सुखराम साहू पिंटू सोनी नंदलाल गुप्ता एवं अन्य ने समर्पण राहत कोष से11,111 रूपए का सहयोग प्रदान किया। बताते चलें कि समर्पण सेना ने विभिन्न विषम परिस्थितियों से निपटने के लिए समर्पण राहत कोष बना रखा है जिसमें समय-समय पर क्षेत्रीय लोग अपना अनुदान देते रहते हैं जिसका पूर्ण विवरण कठेला गांव की वेबब्लॉग www.kathelagaon.blogspot.in पर उपलब्ध है। इस वेबब्लॉग पर गांव की विभिन्न जानकारियां उपलब्ध है इसी वेबब्लॉग से कठेला गांव जिले का प
हला डिजिटल गांव बना था।
मदद के लिए हुआ पेटीएम का इस्तेमाल:
जिले से बाहर रह रहे लोगों ने अपनी सहयोग राशि भेजने के लिए समर्पण सेना द्वारा जारी किए गए पेटीएम नंबर का इस्तेमाल किया।
मिला सहयोग तो खिल उठा चेहरा:
बिटिया के पिता राधेश्याम गुप्ता उर्फ कुर्रे ने समर्पण सेना को बधाई देते हुए कहा की आप सभी के सहयोग से ही यह संभव हो पाया है बिटिया के विवाह में इस तरह का सहयोग मिलने पर परिवार के चेहरे पर जो खुशी थी वह देखने लायक थी।
सीख: आज भी बहुत से लोग अपना भरण पोषण करने में सक्षम नहीं हैं हम सभी को समर्पण सेना से सीख लेते हुए यथाशक्ति मदद के लिए आगे आना चाहिए।


