सिद्धार्थनगर वित्तविहीन शिक्षकों ने सोमवार को जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पर धरना दिया।
वक्ताओं ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा और कहा कि पिछली सरकार में जो मानदेय मिलता था तब भाजपा अपमानजनक बताया था। न केवल भाजपा की सरकार ने उस अल्प मानदेय को बंद कर दिया बल्कि वित्तविहीन विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों को अयोग्य व नकारा तक कहा, जो अपमान है, इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
माध्यमिक वित्तविहीन शिक्षक महासभा के तत्वावधान में वित्तविहीन विद्यालयों के शिक्षकों को अयोग्य कहे जाने के विरोध में 29 सितंबर से लखनऊ खंड के शिक्षक विधायक उमेश द्विवेदी के नेतृत्व में मुख्यमंत्री निन्दा यात्रा सोमवार को जनपद मुख्यालय पर पहुंची।
जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पर वित्तविहीन शिक्षकों को संबोधित करते हुए पिछले सरकार में मिल रहे मानदेय को अपमानजनक बताने वाली भाजपा ने अल्प मानदेय भी बंद कर दिया। इन विद्यालयों के शिक्षकों को अयोग्य व नकारा तक कहा। हम पूरे प्रदेश में मुख्यमंत्री निंदा रैली के माध्यम से अपनी बात सरकार तक पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं।
प्रदेश महासचिव अजय सिंह ने कहा कि शिक्षकों के हित में हमें चाहे जिस स्तर पर लड़ाई लड़नी पड़ेगी,हम तैयार हैं।1986 से शुरू हुई है,वित्तविहीन शिक्षा व्यवस्था अब हम समाप्त करके ही दम लेंगे।
दिलीप गुप्ता संरक्षक, सुफियान प्रभारी व रवि शुक्ला जिला मीडिया प्रभारी मनोनीत
इस मौके पर जनपद कार्यकारिणी घोषित किया गया।दिलीप गुप्ता को संगठन का जिला संरक्षक, सुफियान को जिला प्रभारी, बृजेश मिश्र को सह जिला प्रभारी, अनीता द्विवेदी को जिला महिला प्रकोष्ठ की प्रभारी व रवि शुक्ल को जिला मीडिया प्रभारी मनोनीत किया गया।
इर मौके पर अनीता द्विवेदी, सुफियान, संजय सिंह, रवि शुक्ल, दिलीप गुप्ता, राधेश्याम गुप्ता, कमलेश पाण्डेय, विजय वरुण, राकेश शर्मा, व्यासमुनि मिश्र, विनीता मिश्रा, किरन सिंह, कविता कसौधन, आरजू फातिमा, सारिका श्रीवास्तवा आदि लोग मौजूद थे।

